देहरादून(आरएनएस)। राज्य की विभिन्न ट्रेड यूनियनों, जन संगठनों और विपक्षी दलों के कार्यकर्ताओं और बस्तीवासियों ने मंगलवार को जिलाधिकारी कार्यालय के बाहर प्रदर्शन किया। इस दौरान सभी ने बस्तियों में मकानों को ध्वस्त करने का विरोध किया। अभियान बंद नहीं करने पर आंदोलन की चेतावनी दी। वक्ताओं ने बस्तियों में हो रही कार्रवाई को लेकर स्थिति स्पष्ट करने की बात कही। विरोध प्रदर्शन करने के लिए पहुंची महिलाओं ने कहा कि यदि इसी तरह से कार्रवाई जारी रही तो उनके बच्चों का भविष्य क्या होगा और वह परिवारों को लेकर कहां जाएंगे। उन्होंने पुनर्वास नहीं करने को लेकर जताई और सरकार से मांग करते हुए कहा कि सरकार वायदे के मुताबिक अध्यादेश लेकर आए, ताकि लोगों के घर उजड़ने से बच सकें। इस दौरान चेतना आंदोलन के शंकर गोपाल, सीआईटीयू के लेखराज, सिपा से एसएन सचान, महिला समिति से इन्दु नौडियाल, सीपीएम से राजेन्द्र पुरोहित, अनन्त आकाश, किसान सभा से कमरूद्दीन, एडवोकेट रजिया बेग, आयूपी से नवनीत गुंसाई, बीना, सुनीता, प्रेमा, नरेन्द्र कुमार, रघुबीर, किरन, सरोज, कमलेश, रजनी, हिमांशु चौहान, नितिन मलेठा, रामू ,संजय, राजेन्द्र, रमन, रविंद्र नौडियाल, शैलेन्द्र, हरीश, ओमवती, प्रेमा, प्रभा, ज्योति, नूतन, ओमबीर सिंह आदि मौजूद थे। उपजिलाधिकारी शालिनी नेगी ने बताया कि बुधवार को प्रतिनिधिमंडल की मांगों को लेकर जिलाधिकारी से वार्ता होगी।
बस्तियों में कार्रवाई के खिलाफ जनसंगठनों के साथ लोगों ने किया प्रदर्शन

