बालश्रम और भिक्षावृत्ति के खिलाफ अल्मोड़ा पुलिस का अभियान

अल्मोड़ा। शिक्षा से वंचित बच्चों को स्कूल भेजने के लिए अल्मोड़ा पुलिस ने ‘ऑपरेशन मुक्ति—भिक्षा नहीं, शिक्षा दो’ अभियान को तेज कर दिया है। पुलिस नगर और गांवों में जाकर जनमानस को बालश्रम और भिक्षावृत्ति के दुष्परिणामों के प्रति जागरूक कर रही है। एसएसपी अल्मोड़ा के निर्देशन में, पुलिस उपाधीक्षक एवं नोडल अधिकारी गोपाल दत्त जोशी के पर्यवेक्षण में ऑपरेशन मुक्ति टीम अभियान को प्रभावी रूप से संचालित कर रही है। प्रभारी एएचटीयू निरीक्षक जानकी भंडारी के नेतृत्व में टीम द्वारा जिलेभर में बच्चों के सत्यापन और चिन्हांकन की कार्रवाई की जा रही है। इसी क्रम में ऑपरेशन मुक्ति टीम ने राजकीय प्राथमिक विद्यालय चौसली और राजकीय जूनियर हाईस्कूल लोधिया में जागरूकता अभियान चलाया। इसमें बाल भिक्षावृत्ति से होने वाले दुष्परिणामों पर चर्चा की गई और छात्रों तथा शिक्षकों को इस विषय में जानकारी दी गई। इसके अलावा, झुग्गी-झोपड़ियों में रहने वाले परिवारों को समझाया गया कि वे अपने बच्चों से बालश्रम न कराएं और उन्हें नियमित रूप से स्कूल भेजें। अब तक ऑपरेशन मुक्ति टीम द्वारा पांच ऐसे बच्चों की पहचान की गई है, जो स्कूल नहीं जा रहे थे। इन सभी का जल्द ही विद्यालयों में दाखिला कराया जाएगा, ताकि वे बेहतर भविष्य की ओर बढ़ सकें। इस अभियान में ऑपरेशन मुक्ति टीम के सदस्य अपर उपनिरीक्षक त्रिभुवन सिंह, महिला कांस्टेबल मोनिका जोशी और कांस्टेबल विक्रम सिंह सक्रिय रूप से शामिल रहे।