अल्मोड़ा। विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर जिले में ‘स्वच्छ गांव, सुरक्षित जलवायु’ अभियान को जनआंदोलन के रूप में संचालित किया जाएगा। अभियान के तहत ग्राम पंचायतों में स्वच्छता, पर्यावरण संरक्षण और जलवायु जागरूकता से जुड़ी विभिन्न गतिविधियां आयोजित की जाएंगी। मुख्य विकास अधिकारी रामजी शरण शर्मा की अध्यक्षता में बुधवार को आयोजित वर्चुअल बैठक में अभियान की तैयारियों की समीक्षा की गई। बैठक में विकासखंड प्रमुख, खंड विकास अधिकारी, ग्राम पंचायत विकास अधिकारी तथा अन्य संबंधित अधिकारी ऑनलाइन माध्यम से जुड़े। बैठक में मुख्य विकास अधिकारी ने कहा कि अभियान का उद्देश्य गांवों को स्वच्छ और प्लास्टिक मुक्त बनाना तथा पर्यावरण संरक्षण के प्रति लोगों को जागरूक करना है। उन्होंने निर्देश दिए कि ग्राम पंचायत स्तर पर विशेष स्वच्छता अभियान चलाकर सार्वजनिक स्थलों, जल स्रोतों और अन्य महत्वपूर्ण स्थानों की सफाई की जाए तथा एकत्रित कचरे का उचित निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि एकल उपयोग वाले प्लास्टिक के प्रयोग को हतोत्साहित करते हुए लोगों को प्लास्टिक मुक्त जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित किया जाए। साथ ही ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान के तहत अधिक से अधिक पौधारोपण कराया जाए और पर्यावरण संरक्षण की शपथ भी दिलाई जाए। मुख्य विकास अधिकारी ने पर्यटन स्थलों और पर्यटक क्षेत्रों में भी विशेष जागरूकता अभियान चलाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि पर्यटकों को स्वच्छता के प्रति जागरूक किया जाए तथा उन्हें भी पौधारोपण अभियान से जोड़ने के प्रयास किए जाएं। बैठक में जनप्रतिनिधियों से अभियान में सक्रिय भागीदारी निभाने और ग्रामीणों को इससे जोड़ने का आह्वान किया गया। ग्राम सभाओं में विशेष बैठकों के माध्यम से स्वच्छता, ठोस अपशिष्ट प्रबंधन, जल स्रोतों के संरक्षण और पर्यावरणीय चुनौतियों के प्रति जागरूकता बढ़ाने पर भी जोर दिया गया। मुख्य विकास अधिकारी ने बताया कि अभियान के अंतर्गत आयोजित सभी गतिविधियों की नियमित निगरानी की जाएगी तथा प्रतिदिन प्रगति रिपोर्ट प्राप्त की जाएगी। बैठक में जिला पंचायत राज अधिकारी राजेंद्र सिंह ने अभियान की रूपरेखा और क्रियान्वयन संबंधी जानकारी साझा की।