आरटीओ कर्मचारी बहाल न हुए, तो 30 जुलाई से कार्य बहिष्कार

Share This

देहरादून(आरएनएस)। उत्तरांचल फैडरेशन ऑफ मिनिस्टीरियल सर्विसेज एसोसिएशन ने चार धाम यात्रा रूट पर हुई सड़क दुर्घटना के लिए सिर्फ परिवहन विभाग के कर्मचारियों को ही दोषी ठहराने का विरोध किया। निलंबित कर्मचारियों को जल्द बहाल न किए जाने पर 30 जुलाई से पूर्ण कार्य बहिष्कार की चेतावनी दी। एसोसिएशन अध्यक्ष पूर्णानंद नौटियाल और महामंत्री मुकेश बहुगुणा ने सचिव परिवहन आयुक्त को भेजे पत्र में कहा कि 15 जून को रुद्रप्रयाग में हुई सड़क दुर्घटना के लिए परिवहन विभाग के दो कर्मचारियों को निलंबित किया गया। दो कर्मचारियों को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया। जबकि जिस ओवरलोडिंग के लिए परिवहन विभाग को दोषी ठहराया गया। उसके लिए कई अन्य विभागों की भी जिम्मेदारी रही। परिवहन विभाग से पहले कई स्थानों पर पुलिस की चौकी, थाना रहे। ओवरलोड वाहन दिल्ली, यूपी होते हुए उत्तराखंड पहुंचा। ऐसे में सिर्फ तपोवन में तैनात कर्मचारियों को ही सिर्फ इसके लिए दोषी ठहराना पूरी तरह गलत है। कहा कि चार धाम यात्रा व्यवस्था को लेकर जो नया चार धाम यात्रा विकास प्राधिकरण बनने जा रहा है, उसमें भी परिवहन विभाग की कोई भूमिका नहीं है। तत्काल सभी कर्मचारियों को बहाल किए जाने की मांग की गई। कहा कि बहाली न होने की स्थिति में 30 जुलाई से आंदोलन शुरू कर दिया जाएगा।